मुख्यमंत्री डेयरी प्लस योजना का प्रमुख उद्देश्य ग्रामीण क्षेत्र के पशुपालकों को उन्नत नस्ल के दुधारू पशु उपलब्ध कराकर दुग्ध उत्पादन में वृद्धि करना, उनकी आय में बढ़ोतरी करना तथा स्वरोजगार के अवसर उपलब्ध कराना है।
कभी पशुपालन से प्रतिमाह करीब 50 हजार रुपये की आमदनी करने वाले ग्राम जमूनिया निवासी नन्दराम बघेले ने बैंक से मिले वित्तीय सहयोग को अपने व्यवसाय के विस्तार का आधार बनाया। मेहनत, बेहतर प्रबंधन और बैंक ऋण के सदुपयोग से आज उनकी मासिक आमदनी बढ़कर करीब 4 से 5 लाख रुपये तक पहुंच गई है।
उर्वरक विभाग द्वारा 17 सितंबर से 2 अक्टूबर तक चलाए जा रहे स्वच्छता ही सेवा (एसएचएस) अभियान – 2026 को गति देते हुए आज विभाग में एक उच्चस्तरीय समीक्षा बैठक आयोजित की गई। यह बैठक श्री कुंतल सेन शर्मा (वरिष्ठ आर्थिक सलाहकार), उर्वरक विभाग की अध्यक्षता में सम्पन्न हुई।